शिव शंकर भोले भाले भोले भक्तो के रखवाले

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

शिव शंकर भोले भाले, भोले भक्तो के रखवाले ।

तुम को लाखों प्रणाम, तुमको मेरा प्रणाम ॥

तुमने यह संसार बनाया, सभी तुम्हारी माया छाया ।

सर्पों की माला वाले, कैलाश पर्वत वाले,

तुम को लाखों प्रणाम, तुमको मेरा प्रणाम ॥

तुम जल थल में तुम अम्भर में, तुम हो नगर नगर घर घर में ।

तुम हो लहर लहर स्वर स्वर में, कहाँ नहीं तुम हो जग भर में ॥

डमरू के बजने वाले, दुष्टों को मिटाने वाले ।

तुम को लाखों प्रणाम, तुमको मेरा प्रणाम ॥

हर हर हर महादेव का नारा, नर नारी घर घर का प्यारा ।

दीप तुम्हारा तेल तुम्हारा, दुनिया का सब खेल तुम्हारा ॥

हे खेल खिलाने वाले, त्रिभुवन की नचाने वाले ।

तुम को लाखों प्रणाम, तुमको मेरा प्रणाम ॥

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।