तिरंगा ही घर घर सजा

रहीम दास
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

ओ तिरंगा ही घर घर सजा

और कोई नही अब भजा

वो तिरंगा ही घर घर सजा

इस में रेहते है राम रहीमा

इस धरती को केहते है माँ

इस तिरंगे की हम सब प्रजा

वो तिरंगा ही घर घर सजा

रंग बंसती है बल्दानी ये है आजादी की निशानी

जो रंगे वो ही जाने मजा

वो तिरंगा ही घर घर सजा

मनो हसन की मीठी वाणी चुनरी अजाज़ ने रंग ली धानी

शान से गाये बाली रिज़ा

वो तिरंगा ही घर घर सजा

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।