गुरु जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

रहीम दास
श्री राम भजन साईं भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

गुरु जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

साईं जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

हम है तुम्हारे तुम हो हमारे

गुरु जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

हम है धरा पर रेहने वाले साईं धुप और छाया,

साईं हमारा सचा साथी ये जग सारा माना

गूर जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

राम है एक रहीम है एक एक ही भरम समाया

कोई बड़ा है कोई छोटा ये साईं की माया

गुरु जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

साईं नाम की सीधी चढ़ जा साईं ने बुलाया

ये रस्ता है स्वर्ग को जाता कर जीवन उजियारा

गुरु जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

ज्ञान की गंगा बहती जाए जो समजा वो जाना

मोहित तू है बडभागी जानी साईं की माया

गुरु जी हम तो दीवाने तेरे नाम के

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।