हे शिवनंदन गजानना (हिंदी)

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

हे गणनायका , गणराज,

गणपति , गुणपति ||

हे शिवनंदन गजानना, हे शिवनंदन गजानना

तेरे चरण में अर्पन है ये सात स्वरोंकी माला ॥ धृ ॥

रंगभवन ये मंदिर तेरा, मंच पे तेरे पुजारी

तेरे रंग में रंग लेंगे प्रभु, रंग दे श्याम हमारी

रसिको में है तेरी मूरत, रंजन तेरी पूजा ॥ १ ॥

तू है कला का मेघ राज, हम बूँद बूँद के प्यासे

रोम रोम पुलकित हो जाए, ऐसी कृपा बरसा दे

जनम सफल हो ऐसा वर दो, और ना कोई दूजा ॥ २ ॥

Singer : Abhinav Kumar

Lyrics & Music : Arun Saraf

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।