जय जय शनि देव महाराज रखलो भक्तन की तुम लाज

पारंपरिक
शनि देव भजन शनि देव भजन shani
॥ पावन पाठ ॥

आज शनिवार है शनि देव का वार है,पावन दिन है आज,

जय जय शनि देव महाराज रखलो भक्तन की तुम लाज,

श्रद्धा भाव से जो चिंतन कर शनि देव को भजते है ,

जीवन के हर शन में ध्यम शनि जी रखते हैम

महिमा पार है शनिदेव का वार है,जोड़ लो अपने हाथ,

जय जय शनि देव महाराज रखलो भक्तन की तुम लाज,

शनि देव के गुण जो गाते राज पाठ सुख संम्पति पाते,

अत्याचार से मुकत करा के दीं दुखी कष्ट मिटते,

करते वो उधार है शनि देव का वार है,फेलालो झोली आज,

जय जय शनि देव महाराज रखलो भक्तन की तुम लाज,

काला कपड़ा तिल और तेल शनि देव को चढ़ाते है ,

ग्रह दशा साढ़े साती से शिगर मुक्त हो जाते है,

नैया वेडा पार है शनि देव का वार है ज्योत जलालो आज,

जय जय शनि देव महाराज रखलो भक्तन की तुम लाज,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।