की कहने की कहने मेरे रामा पीर दे

पारंपरिक
श्री राम भजन विष्णु भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

भजदे ढोल ते छेने सुगना दे वीर दे,

की कहने की कहने मेरे रामा पीर दे,

धरती नचे अम्बर नचे नच्दे चंद सितारे,

एसी किरपा करती बाबा हो गये वारे न्यारे,

मेले लगदे रहने मेरे रामा पीर दे,

की कहने की कहने सुगना दे वीर दे,

नाम तेरे दी एसी मस्ती सब भगता ते चड गई,

भव सागर विच डूबदी वेह्डी तेरे आसरे तर गई,

जावा बलिहार कि केहने मेरे रामा पीर दे,

की कहने की कहने सुगना दे वीर दे

जो भी आया दर तेरे ते सबना ने तर जाना,

लक्की वांगु नाम तेरे विच रंगिया जिहने वाना,

सोनू तू मन ले कहने मेरे रामा पीर दे,

की कहने की कहने सुगना दे वीर दे

गायक लक्की शेखावत 9463501003

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।