बोलो राम बोलो राम

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

सुख भी तेरा दुःख भी तेरा सब में तेरी छाया है,

सुख दुःख दोनों तेरे प्रभु जी सब तेरी माया है,

बोलो राम बोलो राम बोलो राम जय जय राम,

सिया राम सिया राम सिया राम जय जय राम,

अपने अपने कर्मो से हम सुख और दुःख को पाते है,

जैसा कर्म करे जीवन में वैसे ये मिल जाते है,

पेड़ लगाया नीम का तो फल मीठा किसने खाया है,

सुख दुःख दोनों तेरे प्रभु जी सब तेरी माया है,

बोलो राम बोलो राम बोलो राम जय जय राम,

भाग रहे इस दुनिया में हम सारे सुख के पीछे,

न जाने कब मिल जाये ये दुःख हम को आखे मिचे,

दोश न तुझको दे हम आके कर्मो का फल आया है,

सुख दुःख दोनों तेरे प्रभु जी सब तेरी माया है,

बोलो राम बोलो राम बोलो राम जय जय राम,

मन में ज्ञान की ज्योत जला कर सत कर्मो में दीन रहे,

इतना दो वरदान हमें हम तुझमे ही लीं रहे,

तेरा अमृत समज के हमने ये जीवन अपनाया है.

सुख दुःख दोनों तेरे प्रभु जी सब तेरी माया है,

बोलो राम बोलो राम बोलो राम जय जय राम,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।