दिखा रहे हैं 24 भजन (पृष्ठ 65 / 5665, कुल 135,942 भजनों में से)
1537
कितने महान दाता जी कितने महान दानी पारंपरिक
श्री कृष्ण
1538
मेरे साई बाबा की महिमा निराली पारंपरिक
अन्य
1539
म्हारो सेठ है नीले असवारी पारंपरिक
श्री कृष्ण
1540
स्वर्ग से भी ज्यादा प्यारा तेरा खाटू धाम है पारंपरिक
श्री कृष्ण
1541
मोहे तो प्यारी लागे वृन्दावन की गलियां पारंपरिक
श्री कृष्ण
1542
कन्हैया हमे तुम भुला तो न दोगे पारंपरिक
श्री कृष्ण
1543
कोई शिष्य गुरु चरणों में पारंपरिक
अन्य
1544
रंग डार गयो री मोपे सांवरा चित्र विचित्र
श्री कृष्ण
1545
हे कृष्ण कहाँ हो आओ तुम पारंपरिक
श्री कृष्ण
1546
श्रीकृष्ण कीर्तन मधुराधिपते श्रीकृष्ण हरे पारंपरिक
श्री कृष्ण
1547
मानव किसका अभिमान करे पारंपरिक
अन्य
1548
हाय रे मेरे प्रियतम मोहना पारंपरिक
श्री कृष्ण
1549
लड्डू गोपाल लाई वृन्दावन धाम से पारंपरिक
श्री कृष्ण
1550
मन्दिर वैष्णो दा आ आया पारंपरिक
माता दुर्गा
1551
मेरा पौणाहारी उड्डदा ऐ पारंपरिक
अन्य
1552
संकट में है अब गोपाल तेरा गोवंश पुकारे रे पारंपरिक
श्री कृष्ण
1553
भूतों प्रेतों का ये डॉन है पारंपरिक
महादेव
1554
सवालिया सरकार बेगा आओ पारंपरिक
श्री कृष्ण
1555
तुमसे लागी लगन ले लो अपनी शरण पारंपरिक
अन्य
1556
गोवर्धन की परिकर्मा पारंपरिक
महादेव
1557
मिंडला वाली दे दर ढोल वज्दा पारंपरिक
माता दुर्गा
1558
ऊधो मोहे मैया की आज याद सताती है पारंपरिक
श्री कृष्ण
1559
चली कावड़ियों की टोली पारंपरिक
महादेव
1560
ओ मुरली वाले तेरा प्यारा लगे धाम पारंपरिक
श्री कृष्ण