दिखा रहे हैं 24 भजन (पृष्ठ 630 / 950, कुल 22,784 भजनों में से)
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तेरी मुरली की मैं हूँ गुलाम
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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तेरे पूजन को भगवान, बना मन मंदिर आलीशान
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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रंग बरसे भीगे हैं बृजबाला रंग बरसे - होली भजन
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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होली खेल रहे बांकेबिहारी आज रंग बरस रहा: होली भजन
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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फाल्गुन का मेला आया है मुझे श्याम से मिलने जाना है
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15102
ऐसो रास रच्यो वृन्दावन
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15103
रंगीलो मेरो बनवारी: होली भजन
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15104
हरी सिर धरे मुकुट खेले होरी: होली भजन
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15105
मुरली मनोहर - चितवन अति प्यारी कीर्तन
संत रविदास
श्री कृष्ण
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घुमा दें मोरछड़ी
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15107
झाड़ो मोरछड़ी को लगवाले, हो जासी कल्याण
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15108
ओ मोरछड़ी वाले, कब तक तेरी राह तकूँ
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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आया फागण मेला मैं तो खाटू धाम चाला
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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मुकुट सिर मोर का, मेरे चित चोर का
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15111
मेरे श्याम धणी की मोरछड़ी
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15112
राधिके ले चल परली पार
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15113
खाटूवाले का जन्मदिन है आया
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15114
तु ही हारे का सहारा खाटू सांवरिया: श्री श्याम भजन (Tu Hi Haare Ka Sahara Khatu Sanwariya: Khatu Shyam Bhajan)
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15115
मैं सहारे तेरे, श्याम प्यारे मेरे
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15116
ना जी भर के देखा, ना कुछ बात की
पारंपरिक
श्री कृष्ण
15117
मस्त महीना फागण का खुशियों का आलम छाया
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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दुनिया का बनकर देख लिया अब श्याम का बनकर देख जरा
पारंपरिक
श्री कृष्ण
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हरि गोविंदा - पावन प्रेम रस स्तुति
मीरा बाई
श्री कृष्ण
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तू अकेला नहीं सांवरा संग है
पारंपरिक
श्री कृष्ण