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10585
राधा रानी का पा कर प्यार
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10586
भोग गरीब दा ला लै ठाकुरा
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10587
मेरे यार कन्हैया सुन तेरी याद सताती
अमित शर्मा
श्री कृष्ण
10588
सुलझाओ मेरी उलझन मैं भटका भटका फिरता हूं
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10589
कान्हा तेरे आगे खड़ा हूँ हाथ जोड़
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10590
फन फन नाच रहे बनवारी
सियाराम जी ।
श्री कृष्ण
10591
अंग अंग चढ़ी नाम दी खुमारी
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10592
करुणामई श्यामा बाट निहारती
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10593
लोंका नूं मान पावरां दा
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10594
दिवानी हो गई श्याम,तेरे वृन्दावन में आके
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10595
हरदम याद किया कर हरि को
बाबा रसका पागल(वृन्दावन)
श्री कृष्ण
10596
मनशा पूरी करदे ओ दादा
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10597
हर पल मेरे साथ श्याम रहता हैं
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10598
सांवरा थारी माया को पायो कोनी पार
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10599
चारो धामों से निराला बृज धाम
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10600
सब कुछ तेरो सरकार मेरा तो कुछ भी नहीं
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10601
खाटू वाले बाबा तुमको आना होगा
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10602
आंधी चले तूफान चले बाबा मेरे साथ जब ये साथ है तो डरने की क्या बात
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10603
तुम्हें देखती हूं तो लगता है ऐसे
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10604
बैठे ऊंचे सिंहासन देखो ना मेरी ओर कर लेना तू बाबा मेरी बातों पर ये गोर
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10605
तेरे बिना कोई नहीं हारे का सहारा हैं
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10606
मनवा छोड़ जगत जंजाल लगा रटना हरि नाम की
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10607
झोपड़ी बृज में बना ली जायेगी
पारंपरिक
श्री कृष्ण
10608
नजर तेरी पड़ी है जो बाबा मेरी किस्मत चमकने लगी है
पारंपरिक
श्री कृष्ण