दिखा रहे हैं 24 भजन (पृष्ठ 233 / 950, कुल 22,784 भजनों में से)
5569
मेरे हालात पे तेरी खामोशियाँ पारंपरिक
श्री कृष्ण
5570
हे श्याम तेरी महिमा क्या कहकर सुनाऊँ पारंपरिक
श्री कृष्ण
5571
मेरी सुन ले श्याम प्यारे बिगड़ी को तू संवारे पारंपरिक
श्री कृष्ण
5572
दर्शन तो हमे तुम दे देना भगती से भर देना पारंपरिक
श्री कृष्ण
5573
हँसा के क्यों रुलाए रे रुलाए रै कन्हैयाँ पारंपरिक
श्री कृष्ण
5574
तू तो सब जाणे रै तेरे से क्या छानी पारंपरिक
श्री कृष्ण
5575
दर तेरे आज लागिया रोका पारंपरिक
श्री कृष्ण
5576
जग घूम लिया सारा मैंनें पारंपरिक
श्री कृष्ण
5577
खाटू में खो गयी रे मेरी पायलिया हे श्याम पारंपरिक
श्री कृष्ण
5578
श्याम मेरे आये सखी सपने पारंपरिक
श्री कृष्ण
5579
आंगणो भर जासी पारंपरिक
श्री कृष्ण
5580
तुझे हर दिन में वसता पाऊ पारंपरिक
श्री कृष्ण
5581
हरी बोल हरी बोल हरी बोल पारंपरिक
श्री कृष्ण
5582
जो पागल बांके बिहारी का पारंपरिक
श्री कृष्ण
5583
सदा अपनी रसना को रस मये बना दे पारंपरिक
श्री कृष्ण
5584
आओ बाबा श्याम पारंपरिक
श्री कृष्ण
5585
देखा अजब नज़ारा दरबार पारंपरिक
श्री कृष्ण
5586
हरी बोल हरी बोल हरी हरी बोल केशव माधव गोविंद बोल अनूप जलोटा
श्री कृष्ण
5587
जोगन भेस बनाया श्री गौरव कृष्ण गोस्वामी जी महाराज
श्री कृष्ण
5588
जलवा हमारे श्याम का खाटू में जा के दिखिये पारंपरिक
श्री कृष्ण
5589
दीनान दुख हरण देव संतन हितकारी संत सूरदास
श्री कृष्ण
5590
है गुरुवर तव चरण कमल में पारंपरिक
श्री कृष्ण
5591
श्याम मेरे श्याम पारंपरिक
श्री कृष्ण
5592
नगरी नगरी द्वारे द्वारे ढूंढू सांवरिया पारंपरिक
श्री कृष्ण