वे मनमोनेआ बालक नाथा

गुरु नानक देव जी
विष्णु भगवान भजन Bhajan Baba Balaknath Bhajan
॥ पावन पाठ ॥

वे मनमोनेआ बालक नाथा कदों बुलावेंगा,

तेरा शाहतलाईया डेरा, बाबा कादो बुलावेंगा ॥

एक चिमटा बनाया बाबा तेरे नाम दा,

ओह भी धूने विच पाया बाबा तेरे नाम दा ॥

वे मनमोनेआ बालक नाथा कदों बुलावेंगा,

तेरा शाहतलाईया डेरा, बाबा कादो बुलावेंगा ॥

एक चोली बनायी बाबा तेरे नाम दी,

ओह मुंडे विच पायी बाबा तेरे नाम दी ॥

वे मनमोनेआ बालक नाथा कदों बुलावेंगा,

तेरा शाहतलाईया डेरा, बाबा कादो बुलावेंगा ॥

एक सिंघी बनायी बाबा तेरे नाम दी,

ओह वी गले विच पायी बाबा तेरे नाम दी ॥

वे मनमोनेआ बालक नाथा कदों बुलावेंगा,

तेरा शाहतलाईया डेरा, बाबा कादो बुलावेंगा ॥

एक रोट बनाया बाबा तेरे नाम दा,

ओह वी मंदिर चढ़ाया बाबा तेरे नाम दा ॥

वे मनमोनेआ बालक नाथा कदों बुलावेंगा,

तेरा शाहतलाईया डेरा, बाबा कादो बुलावेंगा ॥

वे मनमोनेआ बालक नाथा कदों बुलावेंगा,

॥ दोहा ॥

तेरा शाहतलाईया डेरा, बाबा कादो बुलावेंगा ॥

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।