वसा है भगतो के दिल में नाम भोले नाथ का

पारंपरिक
महादेव भजन Bhajan Somvar Bhajan
॥ पावन पाठ ॥

शिव अपनों से नाम सुना है तेरे धाम का,

वसा है भगतो के दिल में नाम भोले नाथ का ॥

सब देवो में देव निराले मेरे औघड़दानी रे,

महिमा से भर देते झोली हो जो तेरी खाली रे,

छू के चरण जो गंगा मैया का जय हो विशव नाथ का,

वसा है भगतो के दिल में नाम भोले नाथ का ॥

संकट डेरे जब भक्तो को पल में तू आ जाता है,

रंक से राज बनाते है बाबा किस्मत बदल ही जाता है,

शिवम् भी तेरी कर पूजा जप तेरे नाम का,

वसा है भगतो के दिल में नाम भोले नाथ का ॥

संकट में तेरे भगतो ने बाबा तुझे ही पुकारा था,

पल में आके बाबा तूने सब संकट को टाला था,

खड़ा दर्श के लिए सतिंदर बना दे काम का,

॥ दोहा ॥

वसा है भगतो के दिल में नाम भोले नाथ का ॥

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।