तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन Bhajan Maa Durga Bhajan
॥ पावन पाठ ॥

नवदुर्गा, दुर्गा पूजा, नवरात्रि, नवरात्रे, नवरात्रि, माता की चौकी, देवी जागरण, जगराता, शुक्रवार दुर्गा तथा अष्टमी के शुभ अवसर पर गाये जाने वाला प्रसिद्ध व लोकप्रिय भजन।

साँची ज्योतो वाली माता,

तेरी जय जय कार ।

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये,

मैं आया मैं आया शेरा वालिये ।

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये,

मैं आया मैं आया शेरा वालिये ।

ज्योता वालिये, पहाड़ा वालिये,

मेहरा वालिये ॥

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये,

मैं आया मैं आया शेरा वालिये ।

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये,

मैं आया मैं आया शेरा वालिये ।

सारा जग है इक बंजारा,

सारा जग है इक बंजारा,

सब की मंजिल तेरा द्वारा ।

ऊँचे परबत लम्बा रास्ता,

ऊँचे परबत लम्बा रास्ता,

पर मैं रह ना पाया,

शेरा वालिये ॥

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये ॥

सूने मन में जल गयी बाती,

तेरे पथ में मिल गए साथी ।

मुंह खोलूं क्या तुझ से मांगू,

मुंह खोलूं क्या तुझ से मांगू,

बिन मांगे सब पाया, शेरा वालिये ॥

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये ॥

कौन है राजा, कौन भिखारी,

एक बराबर तेरे सारे पुजारी ।

तुने सब को दर्शन देके,

तुने सब को दर्शन देके,

अपने गले लगाया, शेरा वालिये ॥

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये,

मैं आया मैं आया शेरा वालिये ।

तुने मुझे बुलाया शेरा वालिये,

मैं आया मैं आया शेरा वालिये ।

संतो की वाणी लिरिक्स

प्रेम से बोलो, जय माता दी ॥

सारे बोलो, जय माता दी ॥

आते बोलो, जय माता दी ॥

जाते बोलो, जय माता दी ॥

कष्ट निवारे, जय माता दी ॥

पार निकले, जय माता दी ॥

देवी माँ भोली, जय माता दी ॥

भर दे झोली, जय माता दी ॥

वादे के दर्शन, जय माता दी ॥

जय माता दी, जय माता दी ॥

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इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।