म्हारे घर में आज पधारो जी, गणनायक महाराज

पारंपरिक
श्री गणेश भजन Bhajan Vighneswaray Bhajan
॥ पावन पाठ ॥

म्हारे घर में आज पधारो जी,

गणनायक महाराज,

म्हारा गणनायक महाराज,

म्हारा लम्बोदर महाराज,

म्हारा सगळा काज सुधारो जी,

गणनायक महाराज,

म्हारे घर मे आज पधारो जी,

गणनायक महाराज ॥

थारे पहल्या पोत मनावा,

थारे चरणा शीश नवावा,

म्हाने थारो एक सहारो जो,

गणनायक महाराज,

म्हारे घर मे आज पधारो जी,

गणनायक महाराज ॥

थे मुसे चढ़के आओ,

थे रिद्धि सिद्धि सागे ल्याओ,

म्हारी बिगड़ी आज सवारों जी,

गणनायक महाराज,

म्हारे घर मे आज पधारो जी,

गणनायक महाराज ॥

म्हे थारो ध्यान लगावा,

म्हे थारी किरपा चावा,

थे म्हारी ओर निहारो जी,

गणनायक महाराज,

म्हारे घर मे आज पधारो जी,

गणनायक महाराज ॥

थे मत ना देर लगाओ,

बेगा बेगा थे आओ,

म्हारी विनती आज स्वीकारो जी,

गणनायक महाराज,

म्हारे घर मे आज पधारो जी,

गणनायक महाराज ॥

म्हारे घर में आज पधारो जी,

गणनायक महाराज,

म्हारा गणनायक महाराज,

म्हारा लम्बोदर महाराज,

म्हारा सगळा काज सुधारो जी,

गणनायक महाराज,

म्हारे घर मे आज पधारो जी,

॥ दोहा ॥

गणनायक महाराज ॥

सरल हिंदी भावार्थ एवं आध्यात्मिक महत्व

भजन: म्हारे घर में आज पधारो जी, गणनायक महाराज | Bhajan: Mhare Ghar Mein Aaj Padharo Ji Gananayak Maharaj Lyrics Hindi Aur English Main

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।