जागो वंशीवारे ललना, जागो मोरे प्यारे

मीरा बाई
श्री कृष्ण भजन Bhajan Shri Krishna Bhajan
॥ पावन पाठ ॥

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

रजनी बीती भोर भयो है,

घर घर खुले किवारे ।

गोपी दही मथत सुनियत है,

कंगना के झनकारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

उठो लालजी भोर भयो है,

सुर नर ठाढे द्वारे ।

ग्वाल बाल सब करत कुलाहल,

ग्वाल बाल सब करत कुलाहल,

जय जय शब्द उचारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

माखन रोटी हाथ में लीजे,

गौवन के रखवारे ।

मीरा के प्रभु गिरिधर नागर,

सरन आया को तारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

जागो वंशीवारे ललना,

जागो मोरे प्यारे ।

Movie: Meera (1979)

Music Director: Pt. Ravi Shankar

Singers: Vani Jairam

Director: Gulzar

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।