गणपति बाप्पा हरलो भक्तो की पीर: श्री गणेश भजन

पारंपरिक
श्री गणेश भजन Bhajan Shri Ganesh Bhajan
॥ पावन पाठ ॥

गणपति बाप्पा हरलो भक्तो की पीर,

हर वरस आएंगे वो सागर के तीर,

गणपति बाप्पा हरलो भक्तो की पीर ॥

रिद्धि सीधी के दाता हो तुम्ही विद्याता,

तुम ही गुरु सखा तुम पितु माता,

तेरी विदाई है प्रभु उड़े है अभीर ,

हर वरस आएंगे वो सागर के तीर,

गणपति बाप्पा हरलो भक्तो की पीर ॥

SantoKiVani Lyrics

तुम ही सहारा देवा तू ही हो आशा,

पूजा भी ना जाने हम हरलो निराशा,

होठो पे प्यास है आँखों में नीर,

हर वरस आएंगे वो सागर के तीर,

॥ दोहा ॥

गणपति बाप्पा हरलो भक्तो की पीर ॥

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।