॥ पावन पाठ ॥
चलो अयोध्या राम राज मे,
सज़ा दीपो की थाली,
पाप का कोई भाग नही है,
चमके धर्म की लाली,
हुई धन्य धरा ये अवध की,
आये जो राम अयोध्या मे ॥
सनातन धर्म की हुई जयकार,
गुँजा अवध मे विजय अनुराग,
अटल आस की प्रबल साधना,
रघुवर तेरी प्रतिज्ञा मे,
हुई धन्य धरा ये भारत की,
आये जो राम अयोध्या मे ॥
SantoKiVani Lyrics
लहराया भगवा ऊँचे नभ मे,
मिले बैकुंठ राम चरण मे,
भव से पार लगे वो प्राणी,
बैठे जो राम की संध्या मे,
हुई धन्य धरा ये भारत की,
॥ दोहा ॥
आये जो राम अयोध्या मे ॥