हर हर महदेव शिव शमभू

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

हर हर महदेव शिव शमभू,

बारह ज्योति लिंग के दर्शन करके शीश झुकाउ गा,

शिव शंकर का ध्यान लगा कर भव से मैं तर जाउगा,

हर हर महदेव शिव शमभू.....

सोम नाथ मल काजन करते दुखडो का भन्जन,

महाकाल और ओमकार करते जीवन का उधार,

शिवशंकर का जप तप करके भेह से मुक्ति पाउगा,

बारह ज्योति लिंग के दर्शन करके शीश झुकाउ गा,

हर हर महदेव शिव शमभू.....

केदार नाथ भीमा शंकर तेरी दृस्टी है सब पर,

विश्वव नाथ त्रिबकेश्वर सारी विपदा लेते हर,

शिव शंकर का पूजन करके पापो से छूट जाउगा,

बारह ज्योति लिंग के दर्शन करके शीश झुकाउ गा,

हर हर महदेव शिव शमभू.....

वेद नाथ नागेश्वर तुम परम पिता परमेश्वर,

रामेश्वर खुश्मेश्वर हाथ रख कीर्ति के सिर,

शिव शंकर का सिमरन करके कलयुग से मोक्श पाउगा,

बारह ज्योति लिंग के दर्शन करके शीश झुकाउ गा,

हर हर महदेव शिव शमभू.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।