बजरंगबली हैं भईया अपनी सरकार

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

बजरंगबली हैं भईया अपनी सरकार, बजरंगबली

मार्च अप्रेल मे हो रहो सरकार को चुनाव,

तुम केहि जितईहा विचार के बताव,बजरंगबली....

कोऊ का है कमल कोउ का पंजा निशान,

कोउ झाडू लगावे गदा हनुमान,बजरंगबली....

पांच साल मे एक बार शकल है दिखात,

और काम पडे जिधना दाऐ बाऐ दिखात,बजरंगबली....

कोऊ खाऐ नोट कोऊ चारा लौ खात,

साफ सुथरी छवि का मोहि कोऊ न देखात,बजरंगबली...

एक घरी आधी घरी सुबह नहि तो शाम,

लगे पार तोर नईया भज ले सीताराम ,बजरंगबली.....

ईश्वर की महिमा खा ईश्वर ही गाऐ,

तुम भी करा वहै जो तुमही सोहाऐ,बजरंगबली...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।