दे दे मुझे साई अपनी नौकरी

पारंपरिक
अन्य आरती साईं भजन aarti
॥ पावन पाठ ॥

तेरे लिये लाऊ फूलो की टोकरी,

दे दे मुझे साई अपनी नौकरी,

मान लो एह बाबा अर्ज ये मेरी,

दे दे मुझे साई अपनी नौकरी,

दूध शहद से साई तुझको नेहलाऊ,

शृंगार करके तेरी ज्योति जगाउ,

श्रदा से गाऊ मैं आरती तेरी,

दे दे मुझे साई अपनी नौकरी,

रोज तुझे खिचड़ी का भोग मैं लगाऊ,

पलको पे तेरी मैं सहज सजाऊ,

हर पल करू बाबा सेवा तेरी,

दे दे मुझे साई अपनी नौकरी,

मन की मुराद मेरी पूरी तू करदे,

सेवा में रहु तेरी ऐसा तू वर दे,

मुझपे भी नजरे कर्म हो तेरी,

दे दे मुझे साई अपनी नौकरी,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।