बाबे ने मौजा लाइयाँ

पारंपरिक
अन्य भजन बाबा बालक नाथ भजन bhajan
॥ पावन पाठ ॥

बाबे ने मौजा लाइयाँ सब लूट दे भगत नजारे,

हर पास तहियो भगतो गुंजन नित जय कारे,

बाबे ने मौजा लाइयाँ सब लूट दे भगत नजारे,

गुफा वाला जोगी देवे सब न तरकियाँ,

तर दे ने ओहि जिहने डोरा ओहदे ते राखियां,

सब न नू देवे खुशियां करि जांदा पार उतारे,

बाबे ने मौजा लाइयाँ सब लूट दे भगत नजारे,

देश दे विदेश विच भगत जेहड़े बस दे,

करण कमाइयाँ नाम बाबा जी दा जपदे,

ले सोहने सोहने झंडे जोगी दे ऑन द्वारे,

बाबे ने मौजा लाइयाँ सब लूट दे भगत नजारे,

वेरका तो संग बाबा कांता जी दा जामदा,

विन्दर भी चल के कैनेडा तो आमदा,

बलहार कहे वीरका दा एह्दे नाथ ने भरे भंडारे,

बाबे ने मौजा लाइयाँ सब लूट दे भगत नजारे,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।