ई लव यू कन्हियाँ

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

आखे खोलू या बंद करू दिखता है कन्हियाँ तू ही तू,

मेरे दिल ने तडप कर कह डाला ई लव यू कन्हियाँ ई लव यू कन्हियाँ,

मैं तुम से महोब्हत करता हु मैं तेरा ही दम भरता हु,

तुम रूठ न जाना श्याम मेरे बस इसी बात से डरता हु,

मेरे दिल का हाल सुनाते है बाबा मेरे गम के आंसू,

मेरे दिल ने तडप कर कह डाला...

बड़ी मुश्किल से तुमे पाया है मुरली वाला तुझे भाया है,

कोई पिछले जन्म का नाता था तेरी चोकठ पे ले आया है,

जब जब भी जन्म मिले मुझको मैं तेरा ही गुण गान करू,

मेरे दिल ने तडप कर कह डाला......

ये जीवन था मझदार मेरा कैसे भूलू उपकार तेरा,

राजेश लोहियां और सोनू कहे तू चला रहा परिवार मेरा,

मेरे रोम रोम में समाया है मेरी सांस साँस में तू ही तू,

मेरे दिल ने तडप कर कह डाला..........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।