श्री मद भगवत को नमो नमः

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

श्री मद भगवत को नमो नमः

पड़ते भी उधरे सुनते भी उधरे,

पार उतारे सभी जगत को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

हरि की मूरत इसे बतावें,

इसके सेवक भक्ति को पावें,

इसके सेवक पाये मुक्ति को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

राजा परीक्षित सात दिवस में,

जन्म मरण दुख काटे पल में,

सुन कर प्राप्त होये मुक्ति को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

ज्ञान भी देवे विज्ञान भी देवे,

मान भी देवे सन्मान भी देवे,

देवे हरि की नव्धा भक्ति को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

रोग विनाशक, शोक विनाशक,

दूर करे सब हाय आफत को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

जो मन चाहे सो फल पावे,

पल में सबके कष्ट मिटावे,

फिर पावे वो सुख शन्ति को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

कन्या पुत्र सभी फिर जीवे,

भक्ति रस को हरदम पीवे,

पशु रोग सब दूर करत को नमो नमः,

श्री मद भगवत को नमो नमः,

पण्डित देव शर्मा बृजवासी

श्री दुर्गा संकीर्तन मण्डल

रानियां (सिरसा)

7589218797

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।