कुछ तो समय निकाल बंदे साई भजन गाने के लिए

पारंपरिक
अन्य भजन साईं भजन bhajan
॥ पावन पाठ ॥

हर दम तू त्यार है बंदे पाप कमाने के लिए,

कुछ तो समय निकाल बंदे साई भजन गाने के लिए,

जब तक तेल दिये में बाटी जगमग हो रहा,

जल गई तेल लिपट गई बाती ले चल ले चल हो रहा,

चार जने मिल कर आते है तुम को ले जाने के लिए,

कुछ तो समय निकाल बंदे साई भजन गाने के लिए,

हाड जले जैसे सुखी लकड़ी केश जले जैसे घास रे,

कंचन जैसी काया जल गई कोई न आया पास रे,

अपने पराये सब रोते है जग को दिखने के लिए,

कुछ तो समय निकाल बंदे साई भजन गाने के लिए,

माँ के गर्व में जब आया था बोला नाम जपुगा तेरा,

इस झूठी दुनिया में आकर नाम भुला मैं तेरा,

ऋषि मुनि यहाँ सब आते है यही समझाने के लिए,

कुछ तो समय निकाल बंदे साई भजन गाने के लिए,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।