सत्यम सुंदरम साई

पारंपरिक
महादेव भजन साईं भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

हे साईं सत्यम हे साईं शिवम् हे साई सुंदरम सत्यम सुंदरम साई ,

सत्यम सुंदरम साई सत्यम सुंदरम साई,

साई गिरधर साई नटवर साई रामेश्वर,

साई जगत के पालनहारे साई परमेश्वर,

सत्यम सुंदरम साई ,

साई ब्रह्मा साई विष्णु साई तू ही महेशराम,

साई घट घट के वासी तू साई तू ही ईश्वरम,

साई गिरधर साई नटवर साई रामेश्वर,

साई जगत के पालनहारे साई परमेश्वर,

सत्यम सुंदरम साई ....

साई गंगा साई यमुना साई पर्वतम,

साई चरण में तीर्थ सारे साई दिवेन्दरम,

साई गिरधर साई नटवर साई रामेश्वर,

साई जगत के पालनहारे साई परमेश्वर,

सत्यम सुंदरम साई ....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।