बधाई सारे भगतां ने

सौरभ मधुकर
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

नन्द के आनंद भयो जय कन्हैया लाल की

हाथी घोडा पालकी जय कन्हैया लाल की

सारे ब्रज में शोर मचा है, गोकुल में है हल्ला

नन्द यशोदा के घर जन्मा सोहणा सोहणा लल्ला

बल्ले बल्ले बधाई सारे भगतां ने

धन घड़ी धन भाग्य हमारा ऐसा शुभ दिन आया

हम भगतों की रक्षा करने कृष्णा कन्हैया आया

बल्ले बल्ले बधाई सारे भगतां ने

बाल कृष्णा के दर्शन करने देवी देवता आएं

पलने में पालनहारी को देख सभी सुख पाएं

बल्ले बल्ले बधाई सारे भगतां ने

सोड़ा सोड़ा चाँद सा मुखड़ा नजर नहीं लग जावे

लल्ला के मस्तक पे मैया काली टिकी लगावे

बल्ले बल्ले बधाई सारे भगतां ने

बनवारी जन्माष्टमी आई घर घर थाल बजाओ

झूमो नाचो ख़ुशी मनाओ जय जयकार लगाओ

बल्ले बल्ले बधाई सारे भगतां ने

संपर्क - +919830608619

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।