आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के,

लीले पे चढ़ के यो घोड़े पे चढ़ के,

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के,

मुछा की मरोड़ कैसे रॉब है निराला,

धुनगर वाला बाल मेरो सांवरो रखलो तो,

तो लीले की टाप टप टप खड़के,

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के...

केसरिया है भागो जापे फेटो पचरंगो,

मोर पंख जय पूरी रुमाल है सुरांगो,

तो मुल्क निहारु तने जीब भर के,

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के

बांकी सी लटक पर बाबलो दीवानो,

मन में मगन मेरो जीब मस्तानो तो,

नहीं कोई दुसरो तो तेरे से भड़के,

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के

वीर हनुमान के निशान इक हाथ में,

पवन कुमार सोहे सँवारे के साथ में तो,

तो देख के सवारी अंग अंग फड़के,

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के

श्याम बहादुर शिव आरती उतारे,

अर्ज गुजारे बाबा तन मन वारे तो,

ागियो दयालु दाता दया कर के,

आयो साँवरियो सरकार लीले पे चढ़ के

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।