याद तेरी फिर आयी खाटू श्याम जी

संजय मित्तल
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

याद तेरी फिर आयी खाटू श्याम जी,

मन नैना मुस्काई खाटू श्याम जी,

ओ बाबा श्याम जी मैं लेता नाम जी,

बना हो काम जी,

याद तेरी फिर आयी खाटू श्याम जी,

तूने मुझको पथ दिखलाया,

नीरस दिल को सरस बनाया,

तुम ही मेरे जीवन साथी,

प्रीत की ज्योत जगाई खाटू श्याम जी,

मन नैना मुस्काई खाटू श्याम जी,

चौकठ पर तेरी नैन बिशाया,

अंतर में विश्वाश जगाया,

तन दिवले की हो तुम बाती,

कैसी लग्न लगाईं खाटू श्याम जी,

मन नैना मुस्काई खाटू श्याम जी,

तुम से मेरा मेल पुराना,

जाने क्या बेदरद ज़माना,

चिंतन से अखियां भर जाती,

दिल ही तू ही दवाई खाटू श्याम जी,.

मन नैना मुस्काई खाटू श्याम जी,

श्याम बहादुर नैन लड़ा कर,

रूप सलोना शिव दिखला कर,

तू ही समदि तू ही नाती,

कर ले शिगर सुनाई खाटू श्याम जी,

मन नैना मुस्काई खाटू श्याम जी,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।