शरण में आये हैं हम तुम्हारी

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

शरण में आये हैं हम तुम्हारी दया करो हे दयालु भगवन॥

सम्हालो बिगड़ी दशा हमारी दया करो हे दयालु भगवन॥

न हम में बल है न हम में शक्ति,

न हम में साधन न हम में भक्ति,

तुम्हरे दर के है हम भिखारी,

दया करो हे दयालु भगवन...

जो तुम हो स्वामी तो हम हैं सेवक ,

जो तुम पालक हो तो हम हैं बालक ,

जो तुम हो ठाकुर तो हम पुजारी,

दया करो हे दयालु भगवन......

हुये है जो हम तो है तुम्हारे,

भले है जो हम तो है तुम्हारे,

तुम्हरे हो कर भी है दुखारी,

दया करो हे दयालु भगवन......

प्रदान करदो महान शक्ति ,

भरो हमारे में ग्यान भक्ति ,

कभी कहाओ किरपा बिहारी,

दया करो हे दयालु भगवन......

द्वारा :योगेश तिवारी

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।