तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले,

हम यूँ ही आया जाया करेंगे,

इक न इक तो दर्श मिले गा,

युही चक्र लगाया करे गे,

तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले .....

अपने ही मन को मंदिर बना के,

द्वीप भगति का उसमे जगा के,

आँसियो पखारे पालो को निष्ठा चंदन लगाया करे गे,

तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले हम यूँ ही आया जाया करेंगे

नैन दीपक और हाथो की थाली,

कर्म पुष्पों से हमने सजाली ,

भावना के बना कर के भोजन,

भोग तुम को लगाया करे गे,

तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले हम यूँ ही आया जाया करेंगे

इस हिरदये का पलंग हम बनाये,

मेहता फिर भीशोना बिषये,

प्रेम रुपी चदरियाँ उड़ा के,

तुम को लोरी सुनाया करे गे.

तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले हम यूँ ही आया जाया करेंगे

कभी रूठा करो गए मुरारी हम खुशामद करे गे तुम्हारी,

अपनी बाहो में लेके कृष्ण यु तुम को झूला झुलाया करे गे,

तेरी गलियों में ऐ मुरली वाले हम यूँ ही आया जाया करेंगे

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।