राम गुण गा लो

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

राम गुण गा लो जी,

बाबा का दर्श जो पाना,

और जीवन को सफल बनाना,

राम गुण गा लो जी,

बाबा प्रशन हो जाते राम गुण गाने से,

बिगड़े काम बन जाते राम गुण गाने से,

बाबा शिव शंकर अवतारी और भगतो के हो हित कारी,

राम गुण गा लो जी,

गुण गाया हनुमत प्यारे हिरदये में वसाया था,

सीना फाड़ के दर्शन राम सिया का करवाया था,

हो राम चन्द्र के प्यारे सिया मात के हो तुम हो दुलारे,

राम गुण गा लो जी,

तुलसी दास को दर्शन राम प्रभु का कराया था,

विश्ड़े सिया राम को तूने बाबा मिलाया था,

किये सभी राम के काम और नही किया अभिमान,

राम गुण गा लो जी,

अजर अमर होने का वर भी पाया था,

संकट में दिया था साथ राम मन भाया था,

ओ भगतो के रखवाले काज सब राम चन्द्र के सवारे,

राम गुण गा लो जी,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।