बाबा मेरे श्याम मैं तुझपे कुर्बान

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बाबा मेरे श्याम मैं तुझपे कुर्बान,

मैं तेरा तू मेरा जाने सारा हिन्दुस्तान,

तीन बाण के धारी हो नीले के असवार,

मिटी में मिल जाये जो लेले तुमसे टकर,

बाबा मेरे श्याम मैं तुझपे कुर्बान.....

थर थर धरती कांपे है आप के नाम से,

आओ भक्तो रिश्ता बनाये बाबा श्याम से,

बाबा मेरे श्याम मैं तुझपे कुर्बान........

भावो की बाते बाबा भाव से तोल ते,

बंद पड़े किस्मत के ताले श्याम ही खोलते,

बाबा मेरे श्याम मैं तुझपे कुर्बान,

जो भी श्याम दीवाना है जीता है शान से,

श्याम का नाम ही निकले माधव उसकी जुबा से,

बाबा मेरे श्याम मैं तुझपे कुर्बान,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।