हे रामेश्वर शिव नागेश्वर सुन लो मेरी गुहार

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

हे रामेश्वर शिव नागेश्वर, सुन लो मेरी गुहार:

हे रामेश्वर शिव नागेश्वर,

सुन लो मेरी गुहार,

चरण रज चाहूँ बारम्बार,

चरण रज चाहूँ बारम्बार,

हे रामेश्वर.........

बैद्यनाथ केदार देवालय,

महाकाल ओंकार शिवालय,

पावन रूप धरा

अति सोहे,

महिमा अपरम पार,

चरण रज चाहूँ बारम्बार,

हे रामेश्वर........

मल्लिकार्जुन शिव सत्य अनंता,

सोमनाथ भोले भगवंता,

आया हूँ प्रभु शरण तिहारे,

मेरा कर उद्धार,

चरण रज चाहूँ बारम्बार,

हे रामेश्वर........

त्रयंबकेश्वर जय घुश्मेश्वर,

विश्वनाथ शंकर भीमेश्वर,

ज्योतिर्लिंग द्वादश अति पावन,

कर भवसागर से पार,

चरण रज चाहूँ बारम्बार,

हे रामेश्वर शिव नागेश्वर,

सुन लो मेरी गुहार,

चरण रज चाहूँ बारम्बार

आभार: ज्योति नारायण पाठक

वाराणसी

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।