दिल कहे भोले भोले

प्रियंका सिंह
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

नमः नमः नमः नमः ओम नमः शिवाय...

सिर पे गंगा विराजे और हाथ में डमरू बाजे,

खाये भाँग के गोला गल में सर्प के माला सजे ॥

तीनो लोक के मालिक तुम हो तुमसे सब कुछ डोले,

दिल कहे भोले भोले....

नीलकंठ बनकर पी डाला तुमने विष का प्याला,

पर्वत बैठा धूनी रमाये पहने मृग का छाला ॥

धरती पे फिर पाप बढ़ा है नेत्र काहे न खोले,

दिल कहे भोले भोले....

तू ही औघड़ दानी बाबा तू ही पालनहार,

मुझपे दया बरसा दे हे शिव कर मेरा उद्धार ॥

तू चाहे तो सूखा पेड़ भी पल में हरियर होले,

दिल कहे भोले भोले....

स्वर-प्रियंका सिंह

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।