संकट काटो मेरे बाला जी

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

संकट काटो मेरे बाला जी तेरी सवा मणि गूंगी,

मैं तेरी जय जय बोलू गी

संकट काटो मेरे बाला जी......

संकट तंग करे मोहे घर में,

कोई न ऐसा मेरी नजर में,

कब मैं आई बाबा मेहंदीपुर में,

भूत भूतनी मोहे नचावे कब तक नाचू गी,

संकट काटो मेरे बाला जी.....

जाने मोपे मोपे खोर बतावे,

वेद हकीम कमजोर बतावे,

संकट चीखे शोर मचावे,

तन की हानि धन की हानि कब तक जेलू गी,

संकट काटो मेरे बाला जी

जब संकट ने मोहे सताया,

बाबा तेरा नाम धाया,

भूत प्रेत संकट गबराया,

कष्ट मिटा दो रामायण पाठ करवौ गी,

संकट काटो मेरे बाला जी

बाला भजन लिखे बैरागी जग मैग जोट भवन पर जागी,

मोहे आस दर्श की लागि,

दुखड़े मिटाओ जी मैं सारे बचन निभाउ गी,

संकट काटो मेरे बाला जी

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।