खाटू में जबसे पैर पड़े है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

खाटू में जबसे पैर पड़े है,

मेरे घर के बाहर श्याम खड़े है,

दुखडो को देखे ज़माना है बीता वरना बताओ कैसे मैं जीता,

जो उजले थे धागे सुलझने लगे है,

मेरे घर के बाहर...

दिखावो के साथी तुम्हे है मुबारक,

जिनकी बदौलत आया यहाँ तक,

के खाटू से जबसे रिश्ते जुड़े है,

मेरे घर के बाहर....

मुशीबत जो आये दूर से देखे,

दिल को मसोसे हाथो को मसले,

पवन के तो घर पे पहरे खड़े है,

मेरे घर के बाहर....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।