कोई बिछुड़ गया मिल के

बाबा रसिका पागल
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

कोई बिछुड़ गया मिल के ॥

सूंदर श्याम सलोना छोरा,

तड़पा के तोडा दिल मोरा,

किये टुकड़े मेरे दिल के,

कोई विछुड़ गया मिल के,

मोटे मोटे नैनो वाला,

सूरत प्यारी रंग था काला,

मेरा यादो में दिल बिलखे,

कोई बिछुड़ गया मिल के

नाम न पूछा उसका गांव न पूछा,

घर नहीं पूछा मुकाम न पूछा,

गुम राही रहे मंजिल के,

कोई बिछुड़ गया मिल के

पागल हुआ मेरा दिल

कोई बताये न उसका ठिकाना,

जख्मी दिल हुआ शील शील के,

कोई बिछुड़ गया मिल के

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।