आज भिगो दे हमको बाबा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

आज भिगो दे हमको बाबा भक्ति की रस धार में,

बाबा तेरे प्यार में नाचे गे दरबार में,

दुनिया ने जो ठुकराया वो तेरी शरण में आया,

सच्चा साथी बना श्याम तो मंजिल पे पहुंचाया,

देव दयालु नहीं तुम सा कोई भी संसार में,

आज भिगो दे हमको बाबा भक्ति की रस धार में,

बाबा तेरे प्यार में नाचे गे दरबार में,

तेरी सेवा करते करते बीते जीवन सारा,

जब जब ढोली जीवन नैया पकड़ा हाथ हमारा,

एक इशारा करदे बाबा नाव पड़ी मझदार में,

आज भिगो दे हमको बाबा भक्ति की रस धार में,

बाबा तेरे प्यार में नाचे गे दरबार में,

तेरा दर्शन जिसको मिलता उसके तो क्या कहने,

नैन नैन से मिले तो नरसी लगते आंसू बहने,

तेरी सूरत दिखती हमको इन अशवनो की धार में,

आज भिगो दे हमको बाबा भक्ति की रस धार में,

बाबा तेरे प्यार में नाचे गे दरबार में,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।