सुन्दर श्याम बिहारी प्यारी राधा गोरी गोरी

अलका गोएल
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

सुन्दर श्याम बिहारी प्यारी राधा गोरी गोरी ,

मन में मेरे बस गयी श्यामा श्याम की जोड़ी,

श्यामा श्याम की जोड़ी राधे श्याम की जोड़ी,

चंचल चितवन अदा निराली,

अखियन सुरमा होठं लाली,

एक खिलौना रस्का एक है रस की पोरी

मन में.........

अजर अनोखी अद्भुत झांकी,

चेहरे पे मुस्कान है बांकी,

रूप मनोहर दोनों का है सूरत भोरी,

मन में........

अलबेला श्रृंगार निराला,

जो देखे होवे मतवाला,

कही रविंदर देखे छवि ये दुनिया मोरी,

मन में......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।