बाला जी ओहो बाला जी तु म्हे मनाऊ

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

बाला जी ओहो बाला जी

तुम्हें मनाऊ मै, सिंदूर लगा लगा के

बाला जी.....

ब्रह्मा भी मनावे तुमको, विष्णु भी मनावे ॥

नारद भी ओहो,नारद भी तमहे मनावे, वीणा बजा बजा के,

बाला जी ओहो........

गोरा भी मनावे तुमको,गणेश भी मनावे ॥

भोले जी ओहो भोले जी तुम्हे मनावे डमरु बजा बजा के,

बाला जी ओहो.........

सीता भी मनावे तुमको, लछ्मण भी मनावे॥

रामा भी ओहो राम भी तुम्हें मनावे, ह्रदय से लगा लगा के

बाला जी ओहो.........

दाउ भी मनावे तुमको,राधा भी मनावे ॥

कान्हा भी ओहो कान्हा भी तुम्हे मनावे, मुरली बजा बजा के

बाला जी ओहो...........

मैया भी मनावे तुमको ,जनता भी मनावे॥

में तम को ओहो में तमको मनाउ ताली बजा बज के

बाला जी ओहो बाला जी......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।