मिले सतगुरु जिन्दगी मिल गई है

श्री गौरव कृष्ण गोस्वामी जी महाराज
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मिले सतगुरु जिन्दगी मिल गई है,

की मुरझाये दिल की कली खिल गई है,

ये एहसान सतगुरु का हम पर हुआ है,

के मन का अँधेरा सभी मिट गया है,

हमें ज्ञान की रोशनी मिल गई है,

की मुरझाये दिल की कली खिल गई है,

नपाया जिसे दिल की वीरानियों में ना दुनिया के ऐश और समानियो में,

गुरु चरणों में वो ख़ुशी मिल गई है,

की मुरझाये दिल की कली खिल गई है,

चरणों में आके जो सिर को झुकाया संसार का मैंने हर सुख पाया,

हमें आज खुश किस्मती मिल गई है,

की मुरझाये दिल की कली खिल गई है,

ज़माने ने हम को सताया बहुत था के दुखो ने हमको रुलाया बहुत था,

मगर आप से वो हसी मिल गई है,

की मुरझाये दिल की कली खिल गई है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।