जय जय बालाजी घाटे वाले

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

जय जय बालाजी घाटे वाले बजरंगी हम सबके रखवाले,

भाव सागर में जीवन की नैया जो चली है अब तेरे सहारे,

जय जय बालाजी घाटे वाले.......

भरव बाबा यहाँ प्रेत राज चीव याह,

देख को इन्हें मेरी आंखे भर आई,

कष्ट मिटे यहाँ संकट कटे याह,

सबकी बाला ने बिगड़ी बनाई,

भक्त जहा आते हुए अर्जी लगते हुए,

सब कहते है मेरे बाला है न्यारे,

इनके दर्शन से मिलते सुख सारे,

यहाँ पूजा कर खुश होते सारे,

जय जय बालाजी घाटे वाले......

ध्वजा लेके आये पैदल चल के आये,

आते वाही जिन्हें बाबा बलाए,

पल ना शोक यहाँ सुखी है लोग यहाँ,

तू है महा दानी तभी बाबा कहलाये,

सवा मणि साथ लिए जगा शरधा के दिए,

तेरे दर पे आते जो भक्त सारे उनके होते पल में वारे न्यारे,

सुख भेवव से कट जाये ये दिन उनकी किस्मत के चमके सितारे,

जय जय बालाजी घाटे वाले ...

लोग कहते है सभी पुरे हो जाये अभी,

बरसो से जो अधूरे थे सपने,

अपना सब छोड़ आये तेरे धाम दोढ़ आई,

तू लगा ले अब सीने से अपने,

करे हम तेरी पूजा भाए न और दूजा,

धाम तेरा हो समंदर भिखरे भक्ति के मोती कई सारे,

एसी दोलत है उनको मिलती सच्चे मन से जो बाला पुकारे,

जय जय बालाजी घाटे वाले....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।