किस्मत बुलंद रातो रात हो गई

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

किस्मत बुलंद रातो रात हो गई,

सारे कहते है की करामात हो गई,

जबसे तेरी मेरी मुलाकात हो गई,

सारे कहते है की करामात हो गई,

एक वो ज़माना था थॉर ना ठिकाना था,

देखता ही मुझे आँखे फेर ता ज़माना था,

किस्मत बुलंद रातो रात हो गई,

सारे कहते है की करामात हो गई,

सँवारे सलोने श्याम झूम झूम जाऊ मैं,

तूने क्या दिया है कैसे ये बताऊ मैं,

खुशियों की कैसे बरसात हो गई,

सारे कहते है की करामात हो गई,

लेहरी दिया तो तुझसे कभी न भुलाऊ गा,

ज़िंदगी ये सारी तेरी सेवा में बिताऊ गा,

आँखों में ही आँखों में अपनी बात हो गई,

सारे कहते है की करामात हो गई,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।