अपने भक्तो की बाला जी

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

मेहंदीपुर के बाला जी की दुनिया जय जय कार करे,

अपने भक्तो की बाला जी पल में नैया पार करे,

बाला जी की दुनिया दीवानी संकट हारी बाबा,

भुत प्रेत सब दर के भागे एह बलकारी बाबा,

जिसने मनाया बाला जी को कभी किसी से ना वोह डारे,

अपने भक्तो की बाला जी.......

प्रेत राज और भरव बाबा सेवक दो बलशाली,

तीन बाण पे बंधन काटे बैठी माता काली ,

किस्मत की देदे माँ भक्तो के सिर हाथ धरे,

अपने भक्तो की बाला जी.......

इस कलयुग में देव निराला एह मेहंदीपुर वाला,

सच्चे मन ये जो भी मनावे बन जाता रखवाला,

भवन है इसका बड़ा विरला शीश झुका सब बार करे,

अपने भक्तो की बाला जी.......

जेबी मदना शरण में आजा अब क्या सोच विचारे,

आद्दत करो गुणगान हमेशा जीवन में न हारे,

बाबा करदे बारे न्यारे ज्ञान के सब भण्डार भरे,

अपने भक्तो की बाला जी.......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।