महारी कुटी फूटी गाडी

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

महारी कुटी फूटी गाडी श्याम भरोसे चाले रे,

मैं तो खुटी तान के सोवा श्याम संभाले रे,

महारी कुटी फूटी गाडी.........

गाडी टूटी किस्मत फूटी रास्ता टुटा फूटा है,

जद जद खाडे माइये गिरे मेरो श्याम निकरे रे,

महारी कुटी फूटी गाडी...

धीरे चलावे तेज चलावे चाहे जाति ने मोड रे,

श्याम जी की मर्जी बिना पता न हिले से,

महारी कुटी फूटी गाडी....

गाडी की मोसे चाभी ले ली जिमेवारी,

गाडी का गेर ना अटके जो मंजिल तक ढले रे,

महारी कुटी फूटी गाडी.....

बनवारी बड़ा जोर का झटका धीरे धीरे लागे रे,

आइए लागे गोद में लेकर श्याम उछाले रे ,

महारी कुटी फूटी गाडी......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।