हो गई हो गई राधा वल्लभ से आज मेरी बात हो गई

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हो गई, हो गई, राधा वल्लभ से आज मेरी बात हो गई...

बातों बातों में मिलने की बात हो गई...

मैने पूछा सुंदरता का कारण है क्या..

रोज सजते हो क्यों..कोई उत्सव है क्या ...

बोले श्री जी से मेरी पक्की बात हो गई...

बातों बातों में दे ताली हंसने लगे..

सेहरा नैनो से निज सरकाने लगे..

उनसे नजरें मिली तौ सब ख्याल खो गई..

देखते देखते वो खड़े हो गए

हर कदम मेरे नजदीक होने लगे..

तीनों लोको प्रारंभ रास हो गई...

राधा वल्लभ सदा हमको प्यारे रहे..

हम उन्हीं के रहे वो हमारे रहे..

गोरी मोहिनी उन्हीं की अब खास हो गई...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।