खाटू मिला है

शंकर यादव(7982956590)
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

काहे ना इतराउ मैं मुझे खाटू मिला है...॥२॥

खाटू मिला है ,सांवरिया मिला है॥२॥

काहे ना इतराउ मैं मुझे खाटू मिला है...॥

हारे का सहारा तुझे कहती है दुनिया...॥२॥

करता न भेद-भाव, चाहे रंक हो या बनिया...॥२॥

शीश तेरे दर झुकाऊं मै मुझे खाटू मिला है।

काहे ना इतराउ मैं मुझे खाटू मिला है...॥

कलयुग में तुमसा ना देव कोई दूजा...॥२॥

घर-घर होती है, श्याम तेरी पूजा...॥२॥

जयकारा तेरा लगाऊँ मै मुझे खाटू मिला है।

काहे ना इतराउ मैं मुझे खाटू मिला है...॥

शंकर की विनती है, सुन ले कन्हैया...॥२॥

पार तू कर दे नाव बनके खिवैया...॥२॥

लायक तेरे बन जाऊँ मैं, मुझे खाटू मिला है।

काहे ना इतराउ मैं मुझे खाटू मिला है...॥

गायक: शंकर यादव(7982956590)

लिरिक्स: शंकर यादव

संगीत: कुमार वैभव JDS

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।