मेरी कांवड़ का मान आज बढ़ जायेगा, बढ़ जायेगा

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

मेरी कांवड़ का मान आज बढ़ जायेगा, बढ़ जायेगा

भोले आयेंगे तो कांवड़ चढ़ाऊँगा।

गंगाजल, बेलपत्र, धतूरा भी चढ़ाऊँगा।

मेरी कांवड़ का मान आज बढ़ जायेगा, बढ़ जायेगा॥

भोले आयेंगे तो जल मैं चढ़ाऊँगा,

बेलपत्र, धतूरा भी ले आऊँगा।

भोले आयेंगे तो कांवड़ चढ़ाऊँगा,

मेरी कांवड़ का मान आज बढ़ जायेगा॥

भोले आयेंगे तो डमरू बजाऊँगा,

महादेव का जयकार भी लगाऊँगा।

बोल बम बोलके उन्हें भी नचाऊँगा,

मेरी कांवड़ का मान आज बढ़ जायेगा॥

भोले आयेंगे तो खुशियाँ मनाऊँगा,

बाबा आयेंगे तक दीप जलाऊँगा।

उनके चरणों में शीश झुकाऊँगा,

मेरी कांवड़ का मान आज बढ़ जायेगा॥

सिंगर - ललित गेरा झज्जर

(Youtube Channe।- SLG Musician)

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।