पूरा है भरोसा मेरी हार नही होगी

संजय मित्तल
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हार नही होगी हार नही होगी हार नही होगी,

हार नही होगी हार नही होगी हार नही होगी,

ये प्राथना दिल की बेकार नही होगी,

पूरा है भरोसा मेरी हार नही होगी,

संवारे जब तू मेरे साथ है,

संवारे सिर पे तेरा हाथ है,

मैं हार जाऊ जे कभी हो नही सकता,

बेटा अगर दुःख पिता सो नही सकता,

बेटे की हार तुम्हे स्वीकार नही होगी,

पूरा है भरोसा मेरी हार नही होगी...............

तूफान हो पीछे या काल हो आगे,

कह दू गा उनसे मेरे श्याम है आगे,

एसे में भी जग की दकार नही होगी,

संवारे जब तू मेरे साथ है..........

घन घोर चले आंधी सोहने नज़ारे हो,

गंदिश में भी चाहे मेरे सितारे हो,

नैया कभी मेरी मझदार नही होगी,

पूरा है भरोसा मेरी हार नही होगी......

श्रधा समपर्ण हो दिल में अगर प्यारे,

मोहित भगत के लिए भगवन खुद हारे,

इज्जत ज़माने में शर्म शार नही होगी,

संवारे जब तू मेरे साथ है..........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।